मत्ती 26:53 - သတျဝေဒး၊ Sanskrit Bible (NT) in Burmese Script53 အပရံ ပိတာ ယထာ မဒန္တိကံ သွရ္ဂီယဒူတာနာံ ဒွါဒၑဝါဟိနီတော'ဓိကံ ပြဟိဏုယာတ် မယာ တမုဒ္ဒိၑျေဒါနီမေဝ တထာ ပြာရ္ထယိတုံ န ၑကျတေ, တွယာ ကိမိတ္ထံ ဇ္ဉာယတေ? अध्यायं द्रष्टव्यम्अधिकानि संस्करणानिसत्यवेदः। Sanskrit NT in Devanagari53 अपरं पिता यथा मदन्तिकं स्वर्गीयदूतानां द्वादशवाहिनीतोऽधिकं प्रहिणुयात् मया तमुद्दिश्येदानीमेव तथा प्रार्थयितुं न शक्यते, त्वया किमित्थं ज्ञायते? अध्यायं द्रष्टव्यम्সত্যৱেদঃ। Sanskrit Bible (NT) in Assamese Script53 অপৰং পিতা যথা মদন্তিকং স্ৱৰ্গীযদূতানাং দ্ৱাদশৱাহিনীতোঽধিকং প্ৰহিণুযাৎ মযা তমুদ্দিশ্যেদানীমেৱ তথা প্ৰাৰ্থযিতুং ন শক্যতে, ৎৱযা কিমিত্থং জ্ঞাযতে? अध्यायं द्रष्टव्यम्সত্যবেদঃ। Sanskrit Bible (NT) in Bengali Script53 অপরং পিতা যথা মদন্তিকং স্ৱর্গীযদূতানাং দ্ৱাদশৱাহিনীতোঽধিকং প্রহিণুযাৎ মযা তমুদ্দিশ্যেদানীমেৱ তথা প্রার্থযিতুং ন শক্যতে, ৎৱযা কিমিত্থং জ্ঞাযতে? अध्यायं द्रष्टव्यम्satyavEdaH| Sanskrit Bible (NT) in Cologne Script53 aparaM pitA yathA madantikaM svargIyadUtAnAM dvAdazavAhinItO'dhikaM prahiNuyAt mayA tamuddizyEdAnImEva tathA prArthayituM na zakyatE, tvayA kimitthaM jnjAyatE? अध्यायं द्रष्टव्यम्સત્યવેદઃ। Sanskrit Bible (NT) in Gujarati Script53 અપરં પિતા યથા મદન્તિકં સ્વર્ગીયદૂતાનાં દ્વાદશવાહિનીતોઽધિકં પ્રહિણુયાત્ મયા તમુદ્દિશ્યેદાનીમેવ તથા પ્રાર્થયિતું ન શક્યતે, ત્વયા કિમિત્થં જ્ઞાયતે? अध्यायं द्रष्टव्यम्satyavedaH| Sanskrit Bible (NT) in Harvard-Kyoto Script53 aparaM pitA yathA madantikaM svargIyadUtAnAM dvAdazavAhinIto'dhikaM prahiNuyAt mayA tamuddizyedAnImeva tathA prArthayituM na zakyate, tvayA kimitthaM jJAyate? अध्यायं द्रष्टव्यम् |