मत्ती 26:57 - সত্যৱেদঃ। Sanskrit Bible (NT) in Assamese Script57 অনন্তৰং তে মনুজা যীশুং ধৃৎৱা যত্ৰাধ্যাপকপ্ৰাঞ্চঃ পৰিষদং কুৰ্ৱ্ৱন্ত উপাৱিশন্ তত্ৰ কিযফানাाমকমহাযাজকস্যান্তিকং নিন্যুঃ| अध्यायं द्रष्टव्यम्अधिकानि संस्करणानिसत्यवेदः। Sanskrit NT in Devanagari57 अनन्तरं ते मनुजा यीशुं धृत्वा यत्राध्यापकप्राञ्चः परिषदं कुर्व्वन्त उपाविशन् तत्र कियफानाामकमहायाजकस्यान्तिकं निन्युः। अध्यायं द्रष्टव्यम्সত্যবেদঃ। Sanskrit Bible (NT) in Bengali Script57 অনন্তরং তে মনুজা যীশুং ধৃৎৱা যত্রাধ্যাপকপ্রাঞ্চঃ পরিষদং কুর্ৱ্ৱন্ত উপাৱিশন্ তত্র কিযফানাाমকমহাযাজকস্যান্তিকং নিন্যুঃ| अध्यायं द्रष्टव्यम्သတျဝေဒး၊ Sanskrit Bible (NT) in Burmese Script57 အနန္တရံ တေ မနုဇာ ယီၑုံ ဓၖတွာ ယတြာဓျာပကပြာဉ္စး ပရိၐဒံ ကုရွွန္တ ဥပါဝိၑန် တတြ ကိယဖာနာाမကမဟာယာဇကသျာန္တိကံ နိနျုး၊ अध्यायं द्रष्टव्यम्satyavEdaH| Sanskrit Bible (NT) in Cologne Script57 anantaraM tE manujA yIzuM dhRtvA yatrAdhyApakaprAnjcaH pariSadaM kurvvanta upAvizan tatra kiyaphAnAाmakamahAyAjakasyAntikaM ninyuH| अध्यायं द्रष्टव्यम्સત્યવેદઃ। Sanskrit Bible (NT) in Gujarati Script57 અનન્તરં તે મનુજા યીશું ધૃત્વા યત્રાધ્યાપકપ્રાઞ્ચઃ પરિષદં કુર્વ્વન્ત ઉપાવિશન્ તત્ર કિયફાનાाમકમહાયાજકસ્યાન્તિકં નિન્યુઃ| अध्यायं द्रष्टव्यम्satyavedaH| Sanskrit Bible (NT) in Harvard-Kyoto Script57 anantaraM te manujA yIzuM dhRtvA yatrAdhyApakaprAJcaH pariSadaM kurvvanta upAvizan tatra kiyaphAnAाmakamahAyAjakasyAntikaM ninyuH| अध्यायं द्रष्टव्यम् |