मत्ती 4:17 - satyavEdaH| Sanskrit Bible (NT) in Cologne Script17 anantaraM yIzuH susaMvAdaM pracArayan EtAM kathAM kathayitum ArEbhE, manAMsi parAvarttayata, svargIyarAjatvaM savidhamabhavat| अध्यायं द्रष्टव्यम्अधिकानि संस्करणानिसत्यवेदः। Sanskrit NT in Devanagari17 अनन्तरं यीशुः सुसंवादं प्रचारयन् एतां कथां कथयितुम् आरेभे, मनांसि परावर्त्तयत, स्वर्गीयराजत्वं सविधमभवत्। अध्यायं द्रष्टव्यम्সত্যৱেদঃ। Sanskrit Bible (NT) in Assamese Script17 অনন্তৰং যীশুঃ সুসংৱাদং প্ৰচাৰযন্ এতাং কথাং কথযিতুম্ আৰেভে, মনাংসি পৰাৱৰ্ত্তযত, স্ৱৰ্গীযৰাজৎৱং সৱিধমভৱৎ| अध्यायं द्रष्टव्यम्সত্যবেদঃ। Sanskrit Bible (NT) in Bengali Script17 অনন্তরং যীশুঃ সুসংৱাদং প্রচারযন্ এতাং কথাং কথযিতুম্ আরেভে, মনাংসি পরাৱর্ত্তযত, স্ৱর্গীযরাজৎৱং সৱিধমভৱৎ| अध्यायं द्रष्टव्यम्သတျဝေဒး၊ Sanskrit Bible (NT) in Burmese Script17 အနန္တရံ ယီၑုး သုသံဝါဒံ ပြစာရယန် ဧတာံ ကထာံ ကထယိတုမ် အာရေဘေ, မနာံသိ ပရာဝရ္တ္တယတ, သွရ္ဂီယရာဇတွံ သဝိဓမဘဝတ်၊ अध्यायं द्रष्टव्यम्સત્યવેદઃ। Sanskrit Bible (NT) in Gujarati Script17 અનન્તરં યીશુઃ સુસંવાદં પ્રચારયન્ એતાં કથાં કથયિતુમ્ આરેભે, મનાંસિ પરાવર્ત્તયત, સ્વર્ગીયરાજત્વં સવિધમભવત્| अध्यायं द्रष्टव्यम्satyavedaH| Sanskrit Bible (NT) in Harvard-Kyoto Script17 anantaraM yIzuH susaMvAdaM pracArayan etAM kathAM kathayitum Arebhe, manAMsi parAvarttayata, svargIyarAjatvaM savidhamabhavat| अध्यायं द्रष्टव्यम् |