यिर्मयाह 3 - पवित्तर बाइबिल1 “अगर कउनो मनई आपन पत्नी क तलाक देत ह, अउर उ पत्नी ओका तजि देत ह अउर दूसर मनई बियाह कइ लेत ह तउ का उ मनई आपन पत्नी क लगे फुन आइ सकत ह नाहीं। जदि उ मनई उ मेहरारू क लगे लउटी तउ देस पूरी तरह गन्दा होइ जाइ। यहूदा, तू रण्डी क तरह अनेक पिरेमियन (लबार देवतन) क संग काम किहा अउर अब तू मोरे लगे लउटइ चाहत अहा।” इ सँदेसा यहोवा क रहा। 2 “खाली पहाड़ी क चोटी क लखा। क कउनो अइसी जगह अहइ जहाँ तोहार आपन पिरेमियन क संग सारीरिक सम्बन्ध नाहीं चला? तू सड़किया क किनारे पिरेमियन क प्रतीच्छा करती बइठी अहा। तू हुआँ रेगिस्तान मँ प्रतीच्छा करत अरब क तरह बइठा। ऍह बरे तू मोहसे बेवफाइ कइ क अउर बहोत सारी ‘बुरा’ करम कइ क धरती क अपवित्तर बना दिहेस ह। 3 तू पाप किहा एह बरे बर्खा नाहीं आई। बसन्त समइ क कउनो बर्खा नाहीं भइ। मुला अबहिं भी तू लज्जित होइ स इनकार करति अहा। तोहरे मुँहना पइ रण्डी क भाव अहइ जब उ लज्जित होइ स इनकार करति अहा। तू आपन कीन्ह करमन पइ लज्जित होइ स इनकार करति अहा। 4 मुला अब तू मोका बोलावत अहा। ‘मोर पिता, तू मोर बचपन स मोर प्रिय मीत रहा ह।’ 5 तू इ भी कह्या, ‘परमेस्सर सदैव मोह पइ कोहान नाहीं रही। परमेस्सर क किरोध सदैव बना नाहीं रही।’ “तू इ सब कछू कहत अहा, मुला तू ओतने ही बुराई करति अहा जेतना तू कइ सकत अहा।” दुइ बुरी बहिनी: इस्राएल अउ यहूदा 6 ओन दिनन जब योसिय्याह यहूदा रास्ट्र पइ हुकूमत करत रहा। यहोवा मोहसे बातन किहस। यहोवा कहेस, “यिर्मयाह, तू ओन बुरे करमन क लखा जउन इस्राएल किहस? तू लख्या कि कइसे मोरे संग बिस्ससघात किहस। उ हर एक पहाड़ी क ऊपर अउर हर एक हरियर बृच्छ क खाले झूठी मूरतियन क पूजिके बिभिचार करइ क पाप किहस। 7 मइँ अपने स कहेउँ, ‘इस्राएल मोरे लगे तब लउटी जब उ आपन बुरे करमन क कइ चुकी।’ किन्तु उ मोरे लगे नाहीं लउटेस अउर ओका अबिस्सासी बहिन यहूदा लखेस कि इस्राएल का किहेस ह? 8 यहूदा लखेस कि मइँ अबिस्सासी इस्राएल क दूर पठाइ दिहेस ह काहेकि उ बिभिचार किहे रही। मइँ ओका तलाक पत्र लिखिके तलाक देइ दिहा। किन्तु ओकरे अबिस्सासी बहिन यहूदा ओन बातन स नाहीं डेराएस। यहूदा भी निकर गइ अउर उ रण्डी क तरह रहइ लगेस। 9 यहूदा इ धियान भी नाहीं दिहस कि उ रण्डी क तरह काम करति बाटइ। एह बरे उ आपन देस क गन्दा किहस। उ काठे अउर पाथर क बनी मूरतियन क पूजा कइके बिभिचार क पाप किहस। 10 इस्राएल क अबिस्सासी बहिन (यहूदा) आपन पूरे हिरदइ स मोरे लगे लउटी नाहीं। उ सिरिफ बहाना बनाएस कि उ मोरे लगे लउटी अहइ।” इ सँदेसा यहोवा क रहा। 11 यहोवा मोसे कहेस, “इस्राएल मोर मनवइया नाहीं रही। मुला ओकरे लगे कपटी यहूदा क अपेच्छा नीक बहाना रहा। 12 उत्तर कइँती लखा अउर इ सँदेसा बोला: “‘अबिस्सासी इस्राएल क लोगो तू पचे लउटा।’ यहोवा कहत ह। मइँ तू पचन स आपन मुँह नाहीं फेरब। मइँ दयासागर हउँ, ‘मइँ सदैव तू पचन पइ कोहान नाहीं रहब।’ यहोवा कहत ह। 13 ‘तोहका सिरिफ एतना करब होइ कि तू आपन पापन क स्वीकारा। तू यहोवा अपने परमेस्सर क खिलाफ अपराध किहस, इ तोहार पाप अहइ कि तू दूसर रास्ट्रन क लोगन क देव मूरतियन क आपन पिरेम दिहा। तू आपन देव मूरतियन क पूजा हर एक हरियर बृच्छ क खाले किहा। तू मोर आग्या क पालन नाहीं किहा।’” यहोवा कहत ह। 14 “अभकत लोगो, मोरे लगे लउटि आवा।” इ सँदेसा यहोवा क रहा। “मइँ तोहार सुआमी अहउँ। मइँ हर एक नगर स एक मनई लेब अउर हर एक परिवार स दुइ मनई अउर तू पचन्क सिय्योन पइ लिआउब। 15 तब मइँ तू पचन्क नवा सासक देब। उ पचे सासक मोर मनवइयन होइहीं। उ पचे तोहार पचन्क मार्ग दर्सन गियान अउर समुझ स करिहीं। 16 ओन दिना तू लोग बड़ी गनती मँ देस मँ होब्या।” इ सँदेसा यहोवा क अहइ। “उ समइ लोग फुन इ कबहुँ नाहीं कइहीं, ‘मइँ ओन दिनन क सुमिरत हउँ जब हम लोगन क लगे यहोवा क करार क सन्दूख रहा।’ उ पचे पवित्तर सन्दूख क बारे मँ फुन कबहुँ सोचिहीं भी नाहीं। उ पचे न तउ एका याद करिहीं अउर न ही ओकरे बरे अफसोस करिहीं। उ पचे दूसर पवित्तर सन्दूख कबहुँ नाहीं बनइहीं। 17 उ समइ, यरूसलेम नगर ‘यहोवा क सिंहासन’ कहा जाइ। सबहिं रास्ट्र एक संग यरूसलेम नगर मँ यहोवा क नाउँ क सम्मान देइ अइहीं। उ पचे आपन हठी अउर बुरे हिरदय क अनुसार अब कबहुँ नाहीं चलिहीं। 18 ओन दिनन यहूदा क परिवार इस्राएल क परिवार क संग मिलि जाइ। उ पचे उत्तर मँ एक देस स एक साथे अइहीं। उ पचे उ देस मँ अइहीं जेका मइँ ओनकर पुरखन क दिहे रहे रहेउँ।” 19 मइँ यानी यहोवा अपने स कहेउँ, “मइँ तू पचन स आपन बचवन क नाई बेउहार करइ चाहत हउँ, मइँ तू पचन्क एक सुहावना देस देइ चाहत हउँ। उ देस जउन कउनो भी रास्ट्र स जियादा सुन्नर होइ। मइँ सोचे रहेउँ कि तू पचे मोका ‘बाप’ कहब्या। मइँ सोचे रहेउँ कि तू पचे मोर सदैव अनुसरण करब्या। 20 मुला तू पचे उ मेहरारू क नाई भया जउन पतिव्रता नाहीं रही। इस्राएल क परिवार, तू पचे मोरे बरे बिस्सासघाती रह्या।” इ सँदेसा यहोवा क रहा। 21 “तू पचे नंगी पहाड़ियन पइ रोउब सुन सकत ह। इस्राएल क लोग कृपा बरे रोवत रहेन अउर पराथना करत अहइँ। उ पचे बहोत बुरा होइ ग रहेन। उ पचे आपन परमेस्सर यहोवा क बिसरी ग रहेन। 22 “इस्राएल क अबिस्सासी लोगो, तू पचे मोरे लगे लउटि आवा, अउर मइँ तोहरे पचन्क अबिस्सासी होइ क अपराध क छिमा करब। “लोगन क कहइ चाहीं, ‘हाँ, हम लोग तोहरे लगे आउब तू हमार परमेस्सर यहोवा अहा। 23 निहचय ही पहाड़ियन पइ देवमूरतियन क पूजा अउर पहाड़न पइ जमा होइ सिरिफ झूठी आसा देत ह। निहचय ही, इस्राएल क मुक्ति, यहोवा आपन परमेस्सर स आवत ह। 24 उ मुरतियन हमरे पुरखन क हर एक चीज बलि क रूप मँ हम लोगन क बचपन क अमइ स ही खाएस। उ मूरितयन हमरे पुरखन क पसु, भेड़ी, पूत, बिटिया लिहस। 25 हम पचन्क आपन लाज मँ, माथा टेकइ चाही, लज्जा हम लोगन क कम्बल क नाई ढाँप लाइ। हम अउर हमार पुरखन आपन परमेस्सर यहोवा क खिलाफ पाप किहे अही। हम आपन परमेस्सर यहोवा क आग्या आपन बचपन स ही नाहीं माने अही।’” |
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