16 और तुम्मै सै कोई उनसै कैए कै, “सान्ति सै जाऔ, परमेसर तुमरी सायता करैगो; और तुम गरम लत्ता पैहरौ और पेट भरकै रोटी खाऔ,” मगर तुम उनके सरीर के ताँई जो जरूरी है बौ चीज ना दो तौ, फिर जा बात सै का फाएदा?