मत्ती 2:9 - दङ्गौरा थारू9 राजक बात सुन्क ज्योतिषीहुँक्र आपन डगर लग्ल। जौन तोरैँया हुँक्र पूरुबम देख्लह उ तोरैँया हुँकन्हक आघ-आघ लागल, ओ लर्का रहल ठाउँक स्वाझ उप्पर पुग्क टक्कसे अर्यागैल्। See the chapterदेउखरिया थारु9-10 तब् रज्वक बात सुनके ओइने अपन देश घुमगिलाँ। डगरमे ओइने वहे तोरैयाँ देख्लाँ, जोन तोरैयाँहे ओइने पूरुव ओहोँर अपन देशमे देखल रहिँत। जब ओइने उहिहे देख्लाँ ते ओइने गजब खुशी होगिलाँ। उ तोरैयाँ ओइन्के आघे-आघे गैल, और लरका रहल घरक सोझे जाके उ तोरैयाँ रुकगिल। See the chapter |