प्रकाशितवाक्य 2:27 - सिरमौरी नौवाँ नियम27 हांव तिनु राज्य कौरणौ का सैजाई औधिकार दैंदा जैशै मैरै पिताए मुखै दैय राए। तिनका राज्य लोहे कै जैशणा मोजबूत हौंदा जू ना टूटौ, औरौ तिनकै दुशमन टुटेयौंदे माटी कै बासणौ कै जैशणै हौंदै। See the chapterSirmouri27 अरह् से लोहे का मुँगरा लईयों तिनू गाशी राज करला, जैष्णें कुँम्हार के माँटी के बाँस्णों चकनाचूर हऐ ज़ाँव: ठीक मुँह भे आप्णे स्वर्गो के बाबा कैई शा ऐष्णाँ ही हंक-अधिकार भेटी रूवा। See the chapter |