4 जब कोई मईनसे हर बूता करथे, त ओके बनी मिलथे, ओ बनी हर दान नहीं, बलकि एला ओकर हक समझल जाथे।
4 बुता करे बाला मन ला मजदूरी देहल दान नी है, लेकिन हक समझल जाथे।