कुलुस्सी 2:7 - बाघली सराज़ी नऊंअ बधान7 ज़िहै डुघै नाठै दै ज़लैल़ै बूटा और डुघी आथरी घरा पाक्कै डाहा, तिहै ई हआ तम्हैं विश्वासा दी पाक्कै और कबल्लै रहा विश्वासा दी बझ़दै लागी ज़िहै तम्हैं सखाऊऐ दै आसा। ज़ेतरअ खास्सअ हई सका तेतरै रहा परमेशरो शूकर करदै लागी। See the chapterकुल्वी7 होर तेईन जड़ ढौकदै, होर बढ़दै रौहा, होर ज़ैण्ढै तुसै सिखाऊ ऐन्दै सी, तैण्ढै बशाह न मजबूत होंदै रौहा, बोहू धन्यवाद केरदै रौहा। See the chapterईनर सराजी मे नया नियम7 होर एथी में जेड़ा ढाकते होर बढ़दे रहा; होर जेड़े तमे सिखाई तेडे ही बुशाहा में पाके हूँदे रहा, होर ज्यादा का ज्यादा धनयवाद करदे रहा। See the chapter |