शधाणूं 19:2 - बाघली सराज़ी नऊंअ बधान2 पल़सी पुछ़अ तिन्नां का, “ज़ेभै तम्हैं परमेशरे खुशीए समादा दी विश्वास किअ तेभै तम्हां पबित्र आत्मां आअ?” तिन्नैं की इहअ बोली करै नांह, “हाम्हैं निं पबित्र आत्में बारै शूणअ द बी आथी।” See the chapterकुल्वी2 तिन्हां बै बोलू, “कि तुसै विश्वास केरदी घेरै पवित्र आत्मा पाऊ?” तिन्हैं तेइबै बोलू, आसै ता पवित्र आत्मै री चर्चा बी नी शुणी। See the chapterईनर सराजी मे नया नियम2 तेऊ बोलू, केह तमा बुशाह करदे वक्ते पवित्र आत्मा आऊआ? त्याह बोलू, हाम तअ पवित्र आत्मा री चर्चा भी नांई शूणी। See the chapter |