2 कुरिन्थी 2:7 - बाघली सराज़ी नऊंअ बधान7 एता का बधिया आसा इहअ कि एऊए गलती करा माफ, और एऊ लै दैआ शांती, और इहअ निं लोल़ी हुअ कि इहअ मणछ रहे कबल्लअ दुखा दी डुबी। (इफिसी 4:32) See the chapterकुल्वी7 तैबै ऐथा न खरा सा कि तेइबै माफ केरलै, होर शान्ति देलै, ऐण्ढा नी लोड़ी हुआ कि सौ मांहणु दुःखा न पोड़ीया रोहला। See the chapterईनर सराजी मे नया नियम7 एतकि तणी एताकअ भला यह साहा कि तेऊरा अपराध क्षमा करा होर शांति देया, नांई हो कि ऐढअ मणश बहू नराज़गी में डूबणे। See the chapter |