26 किताव उस॰ माल्यो क्याँ सिउ ताज़्या, हिताव ज़ य़ेन मादाद ओयाःए वाज़ ‘ङायुँ हुप्ज़्या’ है लिज़्याव मिँ ब हिताव ज़ ताज़्या।