5 अपेहल दि मीहच़ी गीत कुट्री बंद लेह च़रतिर, दोहथर गेह खंईगा कि स्वर्गा रिंङ मन्दिर अलसा तोहई। अंऊ कि मिलापो तम्बू ठ्रोह तोह,