24 पर दिऊ थल्जी कि केहच़ी ञेंहु कि मीहू योह बि धरतीऊ टोईच़ी पाप माफ लहज़िमी ला अधिकार तोह।” दोई दुह नम्क्योंन टेची मीहबी कुतोह, “गेह करंङ साते कुट्रातग, अहच़ु दंङ कनु मंजी उठाके कनु चुंखा अच़ा इला।”