प्रकाशितवाक्य 2:2 - कुल्वी2 हांऊँ तेरै कोम, मेहनत होर तेरै धीरजा बै ज़ाणा सा, होर ऐ भी कि तू बुरै लोका री झ़ूठी शिक्षा नी सौहंदा, होर ज़ुणा आपणै-आपु बै प्रेरित बोला सी पर ऑथि नी, ते तैं परखणै सैंघै झ़ूठै पाऐ। See the chapterबाघली सराज़ी नऊंअ बधान2 “मुखा आसा तेरै काम, मैन्थ, और तेरै सबर करनैओ थोघ; और इहअ बी आसा थोघ कि तूह निं बूरै लोगा भाल़ी सकदी; और ज़ुंण आप्पू लै शधाणूं बोला, पर तिंयां निं आथी, तिंयां परखै तंऐं और तिंयां निखल़ै झ़ुठै। See the chapterईनर सराजी मे नया नियम2 हाऊं तेरे कामा होर, तेरी मेहनता, होर तेरे धिरजा जाणदा, होर यह भी, कि तूह बुरे लोका नांई हेरी सकदअ, होर जोह आपणे आप वै प्रेरित बोला, होर प्रेरित नांई आंदअ तांइये त्याह परेखी करे झूठे पाई। See the chapter |