3 ज़ासकअ नाह बापू, नाह आमा, नाह बंशाबली साहा, ज़ासके धयाडी रअ ना आदि साहा होर नाह जीबना रा अन्त साहा; पर परमेश्वरा रे शोहरू रे सब रूप ठहरी करे सह सदा बे याजक बणी करे रहूद साहा।