अम्सा 3:3 - इंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 20193 शफ़क़त और सच्चाई तुझ से जुदा न हों, तू उनको अपने गले का तौक़ बनाना, और अपने दिल की तख़्ती पर लिख लेना। See the chapterकिताब-ए मुक़द्दस3 शफ़क़त और वफ़ा तेरा दामन न छोड़ें। उन्हें अपने गले से बाँधना, अपने दिल की तख़्ती पर कंदा करना। See the chapter |