यरमियाह 49:7 - इंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 20197 अदोम के बारे में। रब्ब — उल — अफ़वाज यूँ फ़रमाता है कि: “क्या तेमान में ख़िरद मुतलक़ न रही? क्या तदबीरों की मसलहत जाती रही? क्या उनकी 'अक़्ल उड़ गई? See the chapterकिताब-ए मुक़द्दस7 रब्बुल-अफ़वाज अदोम के बारे में फ़रमाता है, “क्या तेमान में हिकमत का नामो-निशान नहीं रहा? क्या दानिशमंद सहीह मशवरा नहीं दे सकते? क्या उनकी दानाई बेकार हो गई है? See the chapter |