फिलिप्पी 4:8 - गढवली नयो नियम8 इलै, हे विश्वासी भयों, जु-जु बात सच छिनी, अर जु-जु बात आदर का योग्य छिनी, अर जौं तैं भि पिता परमेश्वर धर्मी मणद अर जु-जु बात पवित्र छिनी, अर जु-जु बात मन तैं लुभौण वली छिनी, यानि जु भि बात सम्मान जन अर बड़ै कि छिनी, ऊं पर ही तुम्हरो मन लग्युं रौ। See the chapterGarhwali8 इलै हे मेरा भै-बैंणो, कुछ और बात भि छिन जु की सच्चि अर सोच-विचार करण का लैख छिन, अर यू वु बात छिन जु कि साफ अर पवित्र छिन अर यों बातों बटि प्यार किये जान्दु, अर यू खुश कैर देण वळी छिन, अर यों मा हरेक किसम का गुण पये जनदिन, अर यों बातों की तारीफ किये जान्दी, अर यू वु बात छिन जौं पर लगातार तुमतै अपणु ध्यान लगौण चयेणु। See the chapter |