याकूब 3:8 - Garhwali8 पर अपणी जीब तैं कुई भि मनखि अपणा वश मा नि कैरी सकदु। या इन्दरि बुरै च, ज्वा की कभि रुकदी नि च। अर या जान से मरण वळा बिस बटि भोरी च। See the chapterगढवली नयो नियम8 पर जीभ तैं मनिख्युं मा बट्टी कुई अपड़ा वश मा नि कैरी सकद; या एक इन बला च जु कभी रुकदी ही नि च; व एक जहरीला गुरो का जन प्राणघातक हूंदी। See the chapter |