9 हथियारबंद पहरेदार ह तुरही फूंकइया पुरोहितमन के आघू-आघू चलत रहय, अऊ पाछू के पहरेदार ह सन्दूक के पाछू-पाछू रहय। ये पूरा समय पुरोहितमन तुरही ला फूंकत चलत रहंय।