गिनती 23:9 - किताब-ए मुक़द्दस9 मैं उन्हें चटानों की चोटी से देखता हूँ, पहाड़ियों से उनका मुशाहदा करता हूँ। वाक़ई यह एक ऐसी क़ौम है जो दूसरों से अलग रहती है। यह अपने आपको दूसरी क़ौमों से मुमताज़ समझती है। See the chapterइंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 20199 चट्टानों की चोटी पर से वह मुझे नज़र आते हैं, और पहाड़ों पर से मैं उनको देखता हूँ। देख, यह वह क़ौम है जो अकेली बसी रहेगी, और दूसरी क़ौमों के साथ मिल कर इसका शुमार न होगा। See the chapter |