अहबार 24:3 - किताब-ए मुक़द्दस3 हारून उन्हें मुसलसल, शाम से लेकर सुबह तक रब के हुज़ूर सँभाले यानी वहाँ जहाँ वह मुक़द्दसतरीन कमरे के परदे के सामने पड़े हैं, उस परदे के सामने जिसके पीछे अहद का संदूक़ है। यह उसूल अबद तक क़ायम रहे। See the chapterइंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 20193 हारून उसे शहादत के पर्दे के बाहर ख़ेमा — ए — इजितमा'अ में शाम से सुबह तक ख़ुदावन्द के सामने क़रीने से रख्खा करे; तुम्हारी नसल — दर — नसल सदा यही क़ानून रहेगा। See the chapter |