अहबार 19:5 - किताब-ए मुक़द्दस5 जब तुम रब को सलामती की क़ुरबानी पेश करते हो तो उसे यों चढ़ाओ कि तुम मंज़ूर हो जाओ। See the chapterइंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 20195 “और जब तुम ख़ुदावन्द के सामने सलामती के ज़बीहे पेश करो, तो उनको इस तरह पेश करना कि तुम मक़बूल हो। See the chapter |