अहबार 14:13 - किताब-ए मुक़द्दस13 फिर वह भेड़ के इस बच्चे को ख़ैमे के दरवाज़े पर ज़बह करे जहाँ गुनाह की क़ुरबानियाँ और भस्म होनेवाली क़ुरबानियाँ ज़बह की जाती हैं। गुनाह की क़ुरबानियों की तरह क़ुसूर की यह क़ुरबानी इमाम का हिस्सा है और निहायत मुक़द्दस है। See the chapterइंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 201913 और उस बर्रे को हैकल में उस जगह ज़बह करे जहाँ ख़ता की क़ुर्बानी और सोख़्तनी क़ुर्बानी के जानवर ज़बह किए जाते हैं, क्यूँकि जुर्म की क़ुर्बानी ख़ता की क़ुर्बानी की तरह काहिन का हिस्सा ठहरेगी; वह बहुत पाक है। See the chapter |