अहबार 1:9 - किताब-ए मुक़द्दस9 लाज़िम है कि क़ुरबानी पेश करनेवाला पहले जानवर की अंतड़ियाँ और पिंडलियाँ धोए, फिर इमाम पूरे जानवर को क़ुरबानगाह पर जला दे। इस जलनेवाली क़ुरबानी की ख़ुशबू रब को पसंद है। See the chapterइंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 20199 लेकिन वह उसकी अंतड़ियों और पायों को पानी से धो ले, तब काहिन सबको मज़बह पर जलाए कि वह सोख़्तनी क़ुर्बानी या'नी ख़ुदावन्द के लिए राहतअंगेज़ ख़ुशबू की आतिशी क़ुर्बानी हों। See the chapter |