इबरानियों 8:3 - किताब-ए मुक़द्दस3 हर इमामे-आज़म को नज़राने और क़ुरबानियाँ पेश करने के लिए मुक़र्रर किया जाता है। इसलिए लाज़िम है कि हमारे इमामे-आज़म के पास भी कुछ हो जो वह पेश कर सके। See the chapterइंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 20193 हर इमाम — ए — आज़म को नज़राने और क़ुर्बानियाँ पेश करने के लिए मुक़र्रर किया जाता है। इस लिए लाज़िम है कि हमारे इमाम — ए — आज़म के पास भी कुछ हो जो वह पेश कर सके। See the chapterउर्दू हमअस्र तरजुमा3 चूंके हर आला काहिन ख़ुदा को नज़्राने और क़ुर्बानियां पेश करने के लिये मुक़र्रर किया जाता है। इसलिये ज़रूरी था के हमारे आला काहिन के पास भी पेश करने के लिये कुछ हो। See the chapter |