इफ़िसियों 4:31 - किताब-ए मुक़द्दस31 तमाम तरह की तलख़ी, तैश, ग़ुस्से, शोर-शराबा, गाली-गलोच बल्कि हर क़िस्म के बुरे रवय्ये से बाज़ आएँ। See the chapterइंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 201931 हर तरह की गर्म मिज़ाजी, और क़हर, और ग़ुस्सा, और शोर — ओ — ग़ुल, और बुराई, हर क़िस्म की बद ख़्वाही समेत तुम से दूर की जाएँ। See the chapterउर्दू हमअस्र तरजुमा31 हर क़िस्म का कीना, क़हर, ग़ुस्सा, तकरार और कुफ़्र, सारी दुश्मनी समेत अपने से दूर कर दो। See the chapter |