2 कुरि 8:7 - किताब-ए मुक़द्दस7 आपके पास सब कुछ कसरत से पाया जाता है, ख़ाह ईमान हो, ख़ाह कलाम, इल्म, मुकम्मल सरगरमी या हमसे मुहब्बत हो। अब इस बात का ख़याल रखें कि आप यह हदिया देने में भी अपनी कसीर दौलत का इज़हार करें। See the chapterइंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 20197 पस जैसे तुम हर बात में ईमान और कलाम और इल्म और पूरी सरगर्मी और उस मुहब्बत में जो हम से आगे हो गए हो, वैसे ही इस ख़ैरात के काम में आगे ले जाओ। See the chapterउर्दू हमअस्र तरजुमा7 और देखो के जिस तरह तुम हर बात में यानी ईमान में, कलाम में, इल्म में, जोश में और हमारी महब्बत में दूसरों से आगे हो। उसी तरह इस अतियों के काम में भी आगे रहो। See the chapter |