Online Bible

- Advertisements -




2 कुरि 3:9 - किताब-ए मुक़द्दस

9 अगर पुराना निज़ाम जो हमें मुजरिम ठहराता था जलाली था तो फिर नया निज़ाम जो हमें रास्तबाज़ क़रार देता है कहीं ज़्यादा जलाली होगा।

See the chapter Copy

इंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 2019

9 क्यूँकि जब मुजरिम ठहराने वाला अहद जलाल वाला था तो रास्तबाज़ी का अहद तो ज़रूर ही जलाल वाला होगा।

See the chapter Copy

उर्दू हमअस्र तरजुमा

9 जब मुजरिम ठहराने वाला अह्द जलाल वाला है तो रास्तबाज़ ठहराने वाला अह्द यक़ीनी तौर पर ज़्यादा जलाल वाला क्यूं न होगा?

See the chapter Copy




2 कुरि 3:9

Follow us:

Advertisements


Advertisements