1 समुएल 2:33 - किताब-ए मुक़द्दस33 मैं तुममें से हर एक को तो अपनी ख़िदमत से निकालकर हलाक नहीं करूँगा जब तेरी आँखें धुँधली-सी पड़ जाएँगी और तेरी जान हलकान हो जाएगी। लेकिन तेरी तमाम औलाद ग़ैरतबई मौत मरेगी। See the chapterइंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 201933 और तेरे जिस आदमी को मैं अपने मज़बह से काट नहीं डालूँगा वह तेरी आँखों को घुलाने और तेरे दिल को दुख देने के लिए रहेगा और तेरे घर की सब बढ़ती अपनी भरी जवानी में मर मिटेगी। See the chapter |