5 वहवाँ कबहुँ फेनि रात नाहिँ हतइ, हुनुकाके डिबरि कि बेरियाक इजोर चाहिँ नाहिँ लगतइ, केहकेकि परमप्रभु परमेस्वर हुनुकाके इजोर देबसि हसे हुनुका सबदिन राज करतइ।