55 बाकि स्तिफनस पवितर-आत्मासे भरपुर भके स्वरगवरि हेरलिय हसे परमेस्वरक महिमा देखलिय तके परमेस्वरक दहिनिकलहरवा येसुजिके ठडियाइल देखलिय।