2 तुइ परमेस्वरक वचन परचार करसि। समयमा हसे बेसमयमा फेनि वचन सुनावेके तहिँया तयार रहसि। सहसानसे मन्सावनिके सम्झोसि, चेतवनि देसि हसे यसल सिछासे हुनुकाके उत्साह देसि।