47 इधेरे तांइ मैं तिज्जो बोल्दा, कि इसेरे पाप जे कि मते थिये, से सब माफ होई गे, किजोकी इन्ने जादा प्यार रख्खेया पर जिसेरे घट्ट पाप माफ होए होण, से प्यार भी घाट्ट ही करदा