25 जैसा कै परमेस्वर की ओर ते बोलबे बारे होसे की किताब में लिखौ है, “जो लोग मेरे नांय हते बिनें मैं अपनों कहूँगो। और जो पिरजा मेरी पियारी नांय हती, मैं बाय पियारी कहूँगो।”