1 हे मेरे प्यारे दोस्तो, मैं तुमें बिन बातन कूं याद दिबाबे के काजै जा दूसरी चिठ्ठीऐ लिख रयौऊं के मैंनें तुमारे सुद्ध मन कूं जगाबे कौ जतन करौय।