प्रेरित 28:2 - बग़ल्याणी2 तेथो रे रणे वाल़े लोके आसा पाँदे नऊखा प्यार दखाया, कऊँकि बादल़ बरसणे री बजअ ते ठण्ड थी, तेबे तिने आग सुल़गाई की आसे सब ठराए। See the chapterपहाड़ी महासुई2 तिदलै लोगुऐ आमारौ भौरी ख्याल छ़ाड़ौ। कैलैकि पाणी लागणै री वज़ाह कु भौरी शेल़ौ थौ, और तिंउऐ आग ज़ाल़ियौ आमारौ स्वागत कियौ। See the chapter |