14 मान्नो कोए छटमै सुर्गदूत तै जिसकै धोरै तुरही थी कहण लागरया सै, के “उन चार सुर्गदूत्तां नै जो बड्डी नदी फरात कै धोरै बन्धे होड़ सै, खोल दे।”