प्रकाशित 2:7 - पहाड़ी महासुई7 अगर सौमझ़णौ च़ाहा ई, ता तुमै ध्याना देइयौ सुंच़ेऊ कि आत्मा कलिसियाऊ लै का बोला आ। ज़ुण ज़िता लौ, हाऊं तेसलै तेस ज़िन्दगी रै पेड़ा कु ज़ो परमेश्वरा रै सौरगा दी ई, फल़ खाणा लै दिआऊ।” See the chapterबग़ल्याणी7 जो समजी सकोआ से तिजी खे त्यानो साथे सुणो और मानी बी लओ कि परमेशरो रा आत्मा मण्डल़िया खे क्या बोलणे लगी रा। जो जीती जाणे, मां तेसखे तेस जीवनो रे डाल़ो बीचा ते जो परमेशरो रे स्वर्गलोको रे ए, फल खाणे खे देणे। See the chapter |