24 पय जउने तूँ पंचे इआ जानिल्या, कि मनई के लड़िका काहीं धरती माहीं पाप माफ करँइ के घलाय अधिकार हय।” यीसु उआ लोकबा के मरीज से कहिन, “हम तोंहसे कहित हएन, कि उठा, आपन खटिया उठाइके अपने घर चले जा।”