6 उँइ त अउरव किरपा करत हें; इआ कारन से पबित्र सास्त्र माहीं इआ लिखा हय, कि परमातिमा घमन्ड करँइ बालेन के बिरोध करत हें, पय जे कउनव बात के घमन्ड नहीं करँय, उनखे ऊपर किरपा करत हें।