25 एतने माहीं कोऊ आइके उनहीं बताइस, कि “देखा, जिनहीं तूँ पंचे जेल माहीं बन्द किहा तय, ऊँ पंचे मन्दिर माहीं ठाढ़े मनइन काहीं उपदेस दइ रहे हँय।”