26 परमातिमा जब अपने सेबक काहीं पुनि जिन्दा किहिन, त सबसे पहिले तोंहरे लघे पठइन, कि तोंहरे पंचन म से हरेक जन काहीं, बुरे रास्तन से हटाइके आसिरबाद देंय।”