8 अउर हम इआ बात काहीं, तोंहईं पंचन काहीं हुकुम के रूप माहीं नहीं कहि रहेन आय। बलकिन दुसरे मनइन के उत्साह के बारे माहीं कहिके, अउर तोंहरे पंचन के प्रेम काहीं जाँचँय-परखँइ के खातिर कहि रहेन हय।