3 जबकि हम सारीरिक रूप से त तोंहरे साथ नहिं आहेन, तऊ आत्मिक रूप से तोंहरे लघे हाजिर हएन, अउर मानि ल्या, कि हम उहाँ हाजिर रहिके, जे कोऊ अइसन काम किहिन हीं, उनखे बारे माहीं आपन निरनय सुनाय चुकेन हय।