4 एक पुश्त आती और दूसरी जाती है, लेकिन ज़मीन हमेशा तक क़ायम रहती है।
4 एक नसल जाती है और दूसरी नसल आती है, लेकिन ज़मीन हमेशा क़ायम रहती है।