रोमियों 9:19 - उर्दू हमअस्र तरजुमा19 शायद तुम में से कोई मुझ से ये पूछे: “अगर ये बात है तो ख़ुदा इन्सान को क्यूं क़ुसूरवार ठहराता है? कौन उस की मर्ज़ी के ख़िलाफ़ खड़ा हो सकता है?” Viz kapitolaइंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 201919 पर तू मुझ से कहेगा, “फिर वो क्यूँ ऐब लगाता है? कौन उसके इरादे का मुक़ाबिला करता है?” Viz kapitolaकिताब-ए मुक़द्दस19 शायद कोई कहे, “अगर यह बात है तो फिर अल्लाह किस तरह हम पर इलज़ाम लगा सकता है जब हमसे ग़लतियाँ होती हैं? हम तो उस की मरज़ी का मुक़ाबला नहीं कर सकते।” Viz kapitola |