मुकाशफ़ा 18:12 - उर्दू हमअस्र तरजुमा12 जो सोने, चांदी, जवाहर, मोतीयों और महीन कतानी, अरग़वानी, रेशमी और क़िरमिज़ी रंग के कपड़े, हर तरह की ख़ुश्बूदार लकड़ियां, हाथी दांत की बनी हुई चीज़ें, और निहायत बेशक़ीमती लकड़ी, पीतल, लोहे और संगमरमर की क़सम क़िस्म की चीज़ें, Viz kapitolaइंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 201912 और वो माल ये है: सोना, चाँदी, जवाहर, मोती, और महीन कतानी, और इर्ग़वानी और रेशमी और क़िरमिज़ी कपड़े, और हर तरह की ख़ुशबूदार लकड़ियाँ, और हाथीदाँत की तरह की चीज़ें, और निहायत बेशक़ीमती लकड़ी, और पीतल और लोहे और संग — ए — मरमर की तरह तरह की चीज़ें, Viz kapitolaकिताब-ए मुक़द्दस12 उनका सोना, चाँदी, बेशक़ीमत जवाहर, मोती, बारीक कतान, अरग़वानी और क़िरमिज़ी रंग का कपड़ा, रेशम, हर क़िस्म की ख़ुशबूदार लकड़ी, हाथीदाँत की हर चीज़ और क़ीमती लकड़ी, पीतल, लोहे और संगे-मरमर की हर चीज़, Viz kapitola |