मरक़ुस 3:5 - उर्दू हमअस्र तरजुमा5 वह उन की सख़्त-दिली पर निहायत ही ग़मगीन हुए और, उन पर ग़ुस्से से नज़र कर के, हुज़ूर ईसा ने उस आदमी से कहा, “अपना हाथ बढ़ा।” उस ने जैसे ही हाथ आगे बढ़ाया उस का हाथ बिलकुल ठीक हो गया था। Viz kapitolaइंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) उर्दू - 20195 उसने उनकी सख़्त दिली की वजह से ग़मगीन होकर और चारों तरफ़ उन पर ग़ुस्से से नज़र करके उस आदमी से कहा, “अपना हाथ बढ़ा।” उस ने बढ़ा दिया, और उसका हाथ दुरुस्त हो गया। Viz kapitolaकिताब-ए मुक़द्दस5 वह ग़ुस्से से अपने इर्दगिर्द के लोगों की तरफ़ देखने लगा। उनकी सख़्तदिली उसके लिए बड़े दुख का बाइस बन रही थी। फिर उसने आदमी से कहा, “अपना हाथ आगे बढ़ा।” उसने ऐसा किया तो उसका हाथ बहाल हो गया। Viz kapitola |